(मुकेश शर्मा)
(ग्वालियर)
हाउसिंग बोर्ड में कमीशन का जादू,मामला है दीनदयाल नगर के अटल कुंज टॉवर B का
मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधो संरचना विकास मंडल प्रदेश का ऐसा विभाग है जहाँ सबकुछ पैसा है. हाऊसिंग बोड के अधिकारी पैसों के लालच में कुछ भी कर सकते हैं. बोड के अधिकारियों ने पैसे के लालच में शासन के नियम कायदों को ठेंगे पर रखने की कसम खा रखी है!
मामला ग्वालियर के दीनदयाल नगर में बन रहे व्यवसायिक/आवासीय परिसर अटल कुंज टॉवर के B ब्लॉक के निर्माण का है जिसमें ग्वालियर प्रक्षेत्र के उपायुक्त एन के वर्मा और भोपाल में बैठे अपर आयुक्त महेंद्र सिंह ने आपस में सांठ गांठ कर कमीशन के लालच में बड़ा खेल कर लगभग 42 करोड़ का टेंडर नियम विरुद्ध पास करा लिया।
ठेकेदार गिर्राज कंस्ट्रक्शन्स गुना को मिले इस टेंडर में कई खामियाँ हैं जैसे अटल कुंज टॉवर B में अभी न किसी दुकान और न किसी डुप्लेक्स की बुकिंग नहीं हुई है और न मंडल के पास रेरा का लाइसेंस है।
मंडल के नियमानुसार जबतक किसी योजना में 75 प्रतिशत भावनों /दुकानों की बुकिंग नहीं होजाती है तबतक उस योजना का टेंडर नहीं लग सकता है।

तो दीनदयाल नगर के अटल कुंज टॉवर B में न तो एक भी बुकिंग हुई है और न मध्यप्रदेश गृह निर्माण एवं अधो संरचना विकास मंडल के पास रेरा का लाइसेंस है और तो और ठेकेदार और मंडल के बीच अभीतक अनुबंध भी नहीं हुआ है उसके बाद भी ठेकेदार गिर्राज कंस्ट्रक्शन्स गुना ने काम शुरू कर दिया है. कार्यपालन यंत्री राजेंद्र तिवारी कहते हैं कि हमको ये जगह साफ करके ठेकेदार को सौंपना है इसलिए इस भूखंड की सफाई हाऊसिंग बोड ने की है. अब सवाल ये पैदा होता है कि इतने बड़े भूखंड की सफाई बगैर टेंडर के कैसे हुई?
बोड के गलियारों में आम चर्चा है कि 42 करोड़ के टेंडर में 1प्रतिशत कमीशन भोपाल यानि अपर आयुक्त महेंद्र सिंह एवं शैलेन्द्र वर्मा एवं 0.50 पैसे कमीशन ग्वालियर उपायुक्त एन के वर्मा को मिला होगा?तभी नियम कानून ताक पर रखकर टेंडर पास करदिया.
हमारे खबर नवीस का कहना है कि पैसों के लालच में हाऊसिंग बोड के उपायुक्त एन के वर्मा कुछ भी कर सकते हैं जब से एन के वर्मा ग्वालियर व्रत के उपायुक्त बने हैं तबसे ग्वालियर व्रत भृष्टाचार का नरक कुंड बनगया है? …….. जारी?
इनका कहना है।
ठेकेदार और हाउसिंग बोड के बीच अनुबंध कार्यपालन यंत्री के यहां से होता है. इस प्रोजेक्ट में अभी कोई बुकिंग नहीं हुई है. ठेकेदार ने अभी कोई काम शुरू नहीं किया है साफ सफाई हमारी तरफ से की गई है, रेरा के लाइसेंस के लिए एप्लाई कर रखी है।
एन के वर्मा, उपायुक्त प्रक्षेत्र ग्वालियर
बॉक्स हाउसिंग बोड कर्मचारी संघ के प्रदेश अध्यक्ष बलवंत सिंह रघुवंशी ने कहा कि लगता है वर्तमान में हाऊसिंग बोर्ड के आयुक्त और मुख्य प्रशासकीय अधिकारी बिल्कुल आंखें बंद कर भ्रष्टाचार की में सल्पित हो चुके हैं अन्यथा बिना सक्षम स्वीकृति के कोई भी भ्रष्ट अधिकारी जो बदनीयती के लिए जाने जाते हैं उन्हें इतनी खुली छूट क्यों दी जा रही है इसी लूट से तो आयुक्त और मुख्य प्रशासकीय अधिकारी की नियत पर सवाल उठ रहे हैं? यदि ये दोनों ईमानदार हैं तो जिनकी जांचें चल रही हैं जिनको गलत तरीके से वरिष्ठ पद के कार्यभार क्यों दिए गए हैं और जो पूर्ण योग्य है उन्हें छोड़कर अनेक जगह जूनियर उप यंत्रियों को कार्य पालन यंत्री बना दिया गया है जबकि रेगुलर अर्थात नियमित सहायक यंत्री दर दर की ठोकरें खा रहे हैं कारण सहायक यंत्री वरिष्ठ अधिकारियों की मांगों की पूर्ति नहीं कर पा रहे हैं जिन्होंने अनैतिक पूर्ति कर दी उन्हें वरिष्ठ पद का चार्ज मिल गया.इस स्थिति को साफ करना जरूरी है. कुछ भ्रष्ट एवं जिम्मेदार अधिकारियों के विरूद्ध हाई कोर्ट जबलपुर पर प्रकरण दर्ज कराया जा चुका है । हाउसिंग बोड कर्मचारी संघ मध्य प्रदेश के मुख्य मंत्री, नगरीय प्रशासन मंत्री,प्रमुख सचिव नगरीय प्रशासन को तत्काल कार्यवाही के पूरी टीम को बदलने की मांग करता है यदि इस टीम को नहीं बदला गया तो मण्डल को बहुत बड़ी आर्थिक हानि उठानी पड़ सकती है श्री रघुवंशी ने कहा कि सभी अधिकारी सचेत होकर कार्य करें अन्यथा कर्मचारी संघ आंदोलन करने को मजबूर होगा।




