★मुकेश सेठ★
★मुम्बई★
“द कश्मीर फाइल्स” की तरह मुम्बई बीजेपी युवा मोर्चा के अध्यक्ष तेजिंदर सिंह तिवाना गेईटी-गैलेक्सी सिनेमाघर में फ़िल्म की टीम के साथ दर्शकों के लिए रखे स्पेशल स्क्रीनिंग
बीजेपी कर रही”द केरल स्टोरी” का समर्थन तो काँग्रेस-विपक्षी दल समेत मुस्लिम संगठन कर रहे विरोध,दोनों पक्ष राजनीतिक रोटी सेंकने उतरें
फ़िल्म में से पूर्व मुख्यमंत्री बीएस अच्युतानंदन के इंटरव्यू व 10 कट्स के बाद सेंसर बोर्ड ने दिया है A सर्टिफिकेट
♂÷”द केरल स्टोरी” यह फ़िल्म अपने ट्रेलर के लॉन्च होते ही देशभर में बहस का केन्द्रबिन्दु बन चुकी है और 5 मई को देशभर में रिलीज़ हो रही है तो वहीँ अपनी कहानी के चलते बेहद विवादास्पद फ़िल्म बन गयी है ठीक “द कश्मीर फाइल्स” की तरह।

देश मे इस फ़िल्म को लेकर राजनीति का पारा चढ़ा हुआ है, भारतीय जनता पार्टी जहाँ इस फ़िल्म की कहानी को सच बताकर इसके प्रदर्शन को जरूरी बता रही है तो वहीं काँग्रेस समेत तमाम विपक्षी दल और अनेक मुस्लिम संगठन इसको दोनों समुदायों में नफ़रत फैलाने और प्रोपगंडा फ़िल्म बताते हुए इस पर रोक लगाने की मांग दोहरा रही है हालांकि सुप्रीम कोर्ट नें प्रदर्शन पर रोक लगाने वाली मांग ख़ारिज कर दी है।
उधर “दकश्मीर फाइल्स” के प्रदर्शन के दौरान उसके समर्थन में जमकर खड़ी रहकर व मुम्बई समेत तमाम स्थानों पर बीजेपी व हिन्दू संगठनों नें निःशुल्क में उस फ़िल्म को देखने की व्यवस्था की थी।
ठीक उसी तरह से एक बार फ़िर बीजेपी “द केरल स्टोरी” को प्रमोट करने व युवाओं को फ़िल्म दिखाने के लिए मैदान में उतर पड़ी है।
बीजेपी युवा मोर्चा के प्रदेशाध्यक्ष तेजिंदर सिंह तिवाना नें मुम्बई के युवक,युवतियों को लव जिहाद के मुद्दे पर बनी बहुचर्चित फ़िल्म “द केरल स्टोरी” के निःशुल्क स्पेशल स्क्रीनिंग के लिए शुक्रवार को पहले ही दिन 6 से 9 का शो बान्द्रा के गेईटी-गैलेक्सी सिनेमाघर में दिखाने जा रही है।
इस मौके पर फ़िल्म में प्रमुख अभिनेत्री अदा शर्मा और फ़िल्म की टीम मौजूद रहेगी।
याद हो कि जैसे पहले “द कश्मीर फाइल्स” फ़िल्म को बीजेपी व विपक्ष नें देश में बड़ा मुद्दा बनाते हुए अपने अपने तरीके से दोनों समुदायों के वोटों की फ़सल काटने में सफ़ल रहे थे।
उधर इस फ़िल्म को प्रोपगंडा बताते हुए मुल्ला व मौलवियों की बड़ी संस्था “जमीयत उलेमा ए हिन्द” ने इस पर रोक लगाने के लिए पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट में याचिका दाख़िल कर कहा था कि यह फ़िल्म मुस्लिम समुदाय को नीचा दिखाने का कार्य करेगी,जिससे इस समुदाय के रोजी रोटी के साथ मुस्लिमों के जीवन को भी ख़तरे में डालेगी।
सुप्रीम कोर्ट ने फ़िल्म पर रोक लगाने से इनकार करते हुए उनकी याचिका को ख़ारिज कर दिया और याचिकाकर्ता को कहा आप केरल हाईकोर्ट में अपनी बात रख सकते हैं।
केरल हाईकोर्ट में पहले से ही “द केरल स्टोरी” की रिलीज़ रोकने के लिए कई याचिकाएं लंबित है।
“द केरल स्टोरी”की कहानी में बताया गया है कि किस प्रकार से केरल में लव जिहाद के माध्यम से गैर मुस्लिम युवतियों को बरगलाने के साथ उनका धर्म परिवर्तन कर मुस्लिमों के साथ निक़ाह कराया जाता है।फ़िर उनको इतना कट्टर बनाया जाता है कि उनका ब्रेनवाश कर दुनियां के कुख्यात आतंकी संगठनों ISIS की तरफ़ से लड़ने के लिए केरल से सीरिया,अफगानिस्तान आदि स्थानों पर भेज दिया गया।
फ़िल्म निर्माता अमृतविपुल शाह व निर्देशक सुदीप्तो सेन द्वारा बनाई गई “द केरल स्टोरी” फ़िल्म में दावा किया गया है कि सिर्फ़ केरल राज्य से 32 हज़ार से ज्यादा गैर मुस्लिम युवतियों को लव जिहाद का शिकार बनाया गया है और भारी सँख्या में आतंकी संगठन में भर्ती के लिए भेजा गया।
अपने कन्टेन्ट को लेकर विवादों का विषय बनी फिल्म में केरल के पूर्व मुख्यमंत्री बीएस अच्युतानंदन के एक साक्षात्कार के साथ फ़िल्म में से 10 बेहद विवादास्पद दृश्यों को हटाने के बाद भारतीय सेंसर बोर्ड नें इसको A सर्टिफिकेट प्रदान किया है।
फ़िल्म 5 मई यानी शुक्रवार को एक साथ पूरे देश मे प्रदर्शित हो रही है।केरल,कर्नाटक सरकार किसी भी स्थिति से निपटने के लिए सतर्क है तो वहीं तमिलनाडु में फ़िल्म के प्रदर्शन के पूर्व ही कुछ संगठनों द्वारा विरोध में प्रदर्शन करने व रिलीज़ के बाद भी सड़क पर उतरने आदि की तनाव की स्थिति बन जाने की आशंका वाली ख़ुफ़िया रिपोर्ट मिलने के बाद सरकार नें प्रशासन को अलर्ट मोड में रहने का निर्देश दिया है।
फ़िल्म में अभिनेत्री अदा शर्मा किस तरह लव जिहाद की शिकार बनती है फ़िर उसका ब्रेनवाश कर कट्टरपंथी बनाते हुए ISIS आतंकी संगठन में भर्ती करा दिया जाता है और उसको क्या क्या भुगतना पड़ता है यह पर्दे पर मुख्य भूमिका निभाते हुए बताई है। उसके साथ ही अन्य अभिनेत्रियों में योगिता बिहानी,सिद्धि इडनानी और सोनिया बलानी भी महत्वपूर्ण भूमिका में दिखाई देंगी।
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