(मुकेश सेठ)
(मुम्बई)
डिप्टी मेयर शान.ए.हिन्द ने कहा टीपू सुल्तान स्वतंत्रता सेनानी थे तो कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सकपाल ने टीपू सुल्तान की तुलना क्षत्रपति शिवाजी महाराज से की
सांसद संजय राउत ने कहा तस्वीर पर आपत्ति है तो सीएम को सीधे आदेश जारी कर हटवाना चाहिए
कैबिनेट मंत्री चन्द्रशेखर बावनकुले ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सकपाल के द्वारा टीपू सुल्तान की तुलना क्षत्रपति शिवाजी महाराज से करने पर कहा प्रत्येक शिवप्रेमी का है घोर अपमान
कुछ राजनीतिक दल प्रदेश में देश के विरोध में अंतरराष्ट्रीय साजिश रच रहे हैं लेकिन उनकी मंशा कामयाब नहीं होने दी जाएगी कहा बीजेपी मुम्बई अध्यक्ष अमित साटम ने
सियासत भी बहुरंगी है और अपने सियासी फायदे के लिए कब कौन सा कायदा सियासतदान अपना लें कहा नहीं जा सकता।
महाराष्ट्र के मालेगांव में टीपू सुल्तान की तस्वीर को लेकर राजनीतिक घमासान मचा हुआ था कि ऐसे में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सकपाल ने टीपू सुल्तान की तुलना क्षत्रपति शिवाजी महाराज से कर डाली।
जिसके चलते भारतीय जनता पार्टी भभक उठी है तो वहीं कैबिनेट मंत्री चन्द्रशेखर बावनकुले ने कहा कि क्षत्रपति शिवाजी महाराज के अपमान है और इतिहास से मज़ाक किया जा रहा है।
उन्होंने शरद पावर से पूछा कि क्षत्रपति शिवाजी महाराज का अपमान आप क्यों सहन कर रहे हैं।

मालूम हो कि आज शनिवार को मालेगांव म्युनिसिपल कॉर्पोरेशन के डिप्टी मेयर शान-ए-हिंद के ऑफिस में टीपू सुल्तान की तस्वीर लगाए जाने के बाद राजनीतिक माहौल गरमा गया है। इस तस्वीर और ऑफिस का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद शिवसेना के पार्षदों ने इसका कड़ा विरोध किया।
जबकि वहीं महाराष्ट्र कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष हर्षवर्धन सकपाल ने टीपू सुल्तान की तुलना क्षत्रपति शिवाजी महाराज से कर डाली है जिस पर भाजपा बुरी तरह से भभक उठी है।
शिवसेना पार्षदों ने
म्युनिसिपल कमिश्नर के ऑफिस पहुंचकर तस्वीर तुरंत हटाने की मांग की और चेतावनी दी कि अगर फोटो नहीं हटाई गई तो यह विरोध,आंदोलन का रूप ले सकता है।
वहीं इस पूरे विवाद पर डिप्टी मेयर शान-ए-हिंद ने तस्वीर लगाने का समर्थन करते हुए कहा कि टीपू सुल्तान एक स्वतंत्रता सेनानी थे, जिन्होंने अंग्रेजों के खिलाफ लड़ाई लड़ी थी। उन्होंने विरोध करने वालों पर भी सवाल उठाए हैं।

इस विवाद को लेकर शिवसेना उद्धव ठाकरे गुट के नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत ने कहा कि अगर सरकार को टीपू सुल्तान की तस्वीर पर आपत्ति है तो मुख्यमंत्री को सीधे आदेश जारी कर फोटो हटवाना चाहिए। उन्होंने कहा कि सरकारी कार्यालयों में कौन सी तस्वीरें लगनी चाहिए,इसके लिए प्रोटोकॉल तय है और उसी के अनुसार फैसला होना चाहिए।
उधर इस मामले पर बीजेपी के मुंबई अध्यक्ष व विधायक अमित साटम ने बयान देते हुए कहा है,की जिस तरह से मुंबई और महाराष्ट्र में कुछ राजनीतिक पार्टियां और उनसे जुड़े लोग देश के विरोध में एक अंतर्राष्ट्रीय साजिश को ऑपरेट कर रहे है वह निंदनीय है और उनकी मंशा को कत्तई कामयाब नहीं होने दिया जाएगा।
कुल मिलाकर टीपू सुल्तान कि तस्वीर से मालेगांव ही नहीं बल्कि महाराष्ट्र की सियासत दहक उठी है और राजनीतिक दलों के सुरमा एक दूसरे पर जमकर जुबानी हमले कर रहे हैं।




