(मुकेश सेठ)
(मुकेश)
✓ अपनी मांगों को लेकर हजारों किसानों ने नारेबाजी कर गौतमबुद्ध नगर कलेक्ट्रेट घेर किया धरना प्रदर्शन
✓ किसान संगठन के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी से मीटिंग में मांग उठाई कि ग्रेनो प्राधिकरण में आबादी के 830 प्रकरण का हो निस्तारण
वर्षों से लम्बित अपनी मांगों को लेकर आज बुधवार को अखिल भारतीय किसान सभा, भारतीय किसान परिषद, जय जवान जय किसान मोर्चा एवं अन्य सहयोगी संगठनों गौतमबुद्ध नगर कलेक्ट्रेट में जबरदस्त धरना प्रदर्शन किया।
जिसके पश्चात् जिलाधिकारी से किसान नेताओं ने मिलकर कहा कि हाईकोर्ट के आदेशानुसार सरकार द्वारा गठित उच्चाधिकार प्राप्त कमेटी को किसानों के पक्ष में अपनी सिफारिश सरकार को जल्द भेजनी चाहिए।
आज ग्रेटर नोएडा के मोजर बेयर गोल चक्कर पर हजारों की संख्या में इकट्ठा होकर आए किसानों ने हाथ में तख्ती झंडा बैनर लेकर कलेक्ट्रेट के लिए पैदल मार्च किया।
कलेक्ट्रेट पर सैकड़ो की संख्या में तैनात पुलिसकर्मियों ने बैरिकेड लगाकर आंदोलित किसानों को रोकने की कोशिश की परंतु किसानों ने बैरिकेड तोड़ते हुए कलेक्ट्रेट का घेराव कर डेरा जमा दिया।
जबरदस्त नारेबाजी और किसान नेताओं के भाषण के बाद 25 सदस्य का एक प्रतिनिधिमंडल जिलाधिकारी मनीष वर्मा मिलकर उनसे वार्ता की।
वार्ता में स्पष्ट रूप से किसान प्रतिनिधियों ने कहा की 10% के प्लाट का मुद्दा ढाई लाख किसानों से संबंधित है जिसे और उपेक्षित नहीं किया जा सकता व नए कानून को लागू करना समय की आवश्यकता है। 20% विकसित प्लाट,सर्कल रेट का चार गुना मुआवजा, हर बालिग सदस्य को रोजगार के नए कानून में प्रावधान किए गए हैं जिसे तुरंत लागू करने की सिफारिश है।।
किसान नेताओं ने कहा कि सरकार द्वारा गठित हाई पावर कमेटी को आबादी के 830 प्रकरण ग्रेटर नोएडा प्राधिकरण में लंबित हैं, जिन पर तुरंत निर्णय की आवश्यकता है।

इसके पूर्व जनसमूह को किसान सभा के जिला अध्यक्ष डॉ रुपेश वर्मा ने संबोधित करते हुए कहा कि आज का धरना प्रदर्शन, हाई पॉवर कमेटी को इस बात से आगाह करने के लिए किया गया है कि कमेटी को न्याय पूर्ण तरीके से हाई कोर्ट के आदेश के अनुसार अपनी सिफारिशें सरकार को किसानों के पक्ष में देनी है। जिससे कि किसानों के पक्ष में निर्णय हो सके।
सुखबीर खलीफा ने एनटीपीसी के किसानों के बारे में बोलते हुए कहा कि एनटीपीसी के किसानों से किए वादे अभी तक पूरे नहीं हुए हैं जिन्हें तुरंत पूरा किया जाए।
सुनील फौजी ने कहा आज का धरना प्रदर्शन इस तौर पर भी ऐतिहासिक है कि सभी अधिग्रहण करने वाली एजेंसियों के बाबत एक कमेटी मुख्यमंत्री ने गठित की है, जिससे किसानों की सभी समस्याओं के संबंध में अपनी सिफारिशें देनी है।किसान आगाह करना चाहते हैं कि यदि किसानों के पक्ष में सिफारिशें नहीं दी गई तो तीनों प्राधिकरणों के गेट बंद कर दिए जाएंगे।
आज के धरने प्रदर्शन की अध्यक्षता किसान सभा की ज़िला सचिव जोगेंद्री देव ने,धन्यवाद प्रस्ताव वीर सिंह नेताजी और संचालन जगबीर नंबरदार, उदल आर्य ने किया।

अपने विचार प्रकट करने वालों में इंद्र प्रधान, बृजेश भाटी, गंगेश्वर दत्त शर्मा, जगबीर नंबरदार, उदल आर्य, केपी सिंह डॉक्टर,फकीरचंद,अजब सिंह नेताजी, डॉक्टर जगदीश,अजीत एडवोकेट, जितेंद्र एडवोकेट,मोनू मुखिया,करतार सिंह नागर, नरेश नागर,रईसा बेगम,बिजेंद्र नागर, निरंकार प्रधान,अशोक भाटी,प्रशांत भाटी, अजब सिंह नागर,बबलू नेताजी,जितेंद्र, कृषक शक्ति,यशपाल कृषक,शक्ति शिशांत भाटी संदीप भाटी निशांत रावल गवरी मुखिया सुरेश यादव सुरेंद्र भाटी जोगेंद्र प्रधान पप्पू ठेकेदार यतेंद्र मैनेजर धीरज सिंह सतपाल खेड़ी अजय पाल भाटी अशोक आर्य, निशांत रावल सुधीर रावल, मुकुल यादव, अंकित यादव, सूले यादव, गुरप्रीत एडवोकेट, अमित नागर, ओम दत्त शर्मा, नितिन चौहान, रेखा चौहान तेजेंद्र चौहान, बबली कैमराला, सुरेंद्र भाटी बडपुरा, विनोद एडवोकेट, मांगेराम एडवोकेट, गजेंद्र एडवोकेट, उधम सिंह एडवोकेट, मुकेश कुमार राघव सीटू, राजे नागर नरेंद्र नागर, जयप्रकाश आर्य, प्रेमपाल चौहान, कुंवर पाल प्रधान, सुरेंद्र चौहान, भूले प्रधान, उदयवीर प्रधान, गोपाल शर्मा, डॉक्टर वीरेंद्र राघव, पंकज खारी रहे। हजारों की संख्या में महिला,पुरुष किसानों ने धरना प्रदर्शन में हिस्सा लिया।




