★मुकेश सेठ★
★मुम्बई★
राज्यपाल के अभिभाषण पर चर्चा के दूसरे दिन विधायक व बीजेपी मुम्बई अध्यक्ष एड.आशीष शेलार ने विपक्ष पर जमकर रहे हमलावर
शेलार ने कहा राज्यपाल का अभिभाषण शिन्दे-फडणवीस सरकार के आने वाले समय और विकास का है रोडमैप
जब विदेशी पॉप सिंगर रिहाना ने संसद द्वारा पारित क़ानून पर टिप्पणी की तो उसका विरोध भारत रत्न लता मंगेशकर व सचिन तेंदुलकर ने किया तो MVA सरकार ने इनके खिलाफ जाँच बैठा दी लेकिन शरजील उस्मानी के विरुद्ध कुछ भी नही किया शेलार ने कहा
♂÷विधायक व भारतीय जनता पार्टी के मुम्बई अध्यक्ष एड.आशीष शेलार ने विधान सभा में आज राज्यपाल के अभिभाषण के दूसरे दिन चर्चा के दौरान विपक्ष को जमकर आड़े हाथों लेते हुए उनपर हमलावर रहे।
उन्होंने कहा कि विपक्ष को भूलने की बीमारी है उनको अपने ढाई साल के कार्यकाल याद नही आते।
शिवसेना एनसीपी व काँग्रेस के द्वारा बनाये गए महाविकास आघाड़ी सरकार के घटनाक्रमों को याद कर हमलावर हुए विधानसभा सदस्य आशीष शेलार ने कहा कि आज शिंदे-फडणवीस सरकार पर तरह-तरह के आरोप लगाने वाले विरोधियों को भूलने की बीमारी हो गई है।
आशीष शेलार ने विधायक अतुल भातकलकर द्वारा राज्यपाल को उनके अभिभाषण पर बधाई देने के प्रस्ताव का समर्थन किया।
विधायक शेलार ने दावा किया कि राज्यपाल का अभिभाषण शिंदे-फडणवीस सरकार के आने वाले समय और विकास कार्यों का रोड मैप है आज सरकार पर आरोप लगाने वाले विपक्ष को भूलने की बीमारी है। इसलिए उन्हें पिछले ढाई साल याद नहीं हैं।
विधायक ने याद दिलाने की बात कहकर कुछ बातें सदन के प्रकाश में लायी।
उन्होंने विपक्ष को स्मरण कराया कि जब केन्द्र सरकार द्वारा संसद से पारित एक क़ानून पर विदेशी पॉप सिंगर रिहाना ने टिप्पणी की थी तब उसका विरोध देश के दो भारत रत्न लता मंगेशकर और सचिन तेंदुलकर ने पॉप स्टार रिहाना को तब फटकार लगाई थी। मगर दुर्भाग्यपूर्ण रहा कि तत्कालीन एमवीए सरकार ने देश के लिए बोलने वाले इन दो महापुरुषों की जांच का जिम्मा उठा लिया किन्तु पुणे आकर अपने भाषण से हिन्दुओं की भावनाओं को आहत करने वाले सरजील उस्मानी के खिलाफ साधारण सी शिकायत भी दर्ज नहीं की गई थी और वही नेता आज हमें कानून व्यवस्था सिखा रहे हैं।हम पर बेबुनियाद बयान देने का आरोप लगाया जा रहा है।सुषमा अंधारे, प्रभु राम, हनुमान, ज्ञानेश्वर, एकनाथ ने संतों के बारे में जो कहा, उसे पढ़कर विधायक शेलार ने अपने बयानों को पढ़कर सुनाया।
उन्होंने एनसीपी विधायक व पूर्व कैबिनेट मन्त्री जितेंद्र आह्वाड द्वारा छत्रपति शिवाजी महाराज के बारे में दिए गए विवादित बयानों को भी याद दिलाया। विधायक ने याद दिलाते हुए कहा कि आज की सरकार पर हेकड़ी का आरोप लगा रहे हैं, लेकिन कोरोना काल में एक पत्रकार को सैकड़ों किलोमीटर घूमकर मुंबई लाने का कसूर सिर्फ इतना है कि उसने कोरोना काल में खुले में घूम रहे एक आरोपी की खबर दे दी थी। तत्कालीन एमवीए सरकार द्वारा एक केंद्रीय मंत्री की गिरफ्तारी को अहंकार कहते हैं।
आज मार्मिक के कार्टून की बात कर रहे हैं तो आप यह कैसे भूल सकते हैं कि आपने तत्कालीन सरकार पर बनाए गए कार्टून को आगे बढ़ाने के लिए एक सेवानिवृत्त नौसेना अधिकारी की आंख फोड़ दी थी, शेलार ने विपक्ष पर सवाल दागा।
उन्होंने ने कहा कोस्टल रोड की अनुमति देते समय एमवीए सरकार ने जो शर्तें मानी थीं, उन्हें दो साल में पूरा नहीं किया, लेकिन शिंदे-फडणवीस सरकार ने उन्हें पूरा किया।साथ ही उन्होंने याद दिलाया कि किस तरह नई सरकार आने पर माहौल बदला है,जिसका परिणाम रहा कि गणेशोत्सव, दहीहंडी, नवरात्रि पर्व जोर-शोर से मनाए गए। उन्होंने यह भी याद दिलाया कि कोरोना काल में बिल्डरों को हजारों करोड़ की राहत दी गई थी, इसलिए मुंबई में निर्माण चल रहा है और धूल और प्रदूषण के कारण मुंबईकरों का स्वास्थ्य खतरे में है।
विधायक ने यह भी उम्मीद जताई कि भाषण में आंगनवाड़ी क्षेत्र में बनी सड़कों, मुंबई में सार्वजनिक शौचालयों, वरिष्ठ नागरिकों को दी जाने वाली रियायतों जैसी कई अच्छी चीजों का उल्लेख किया गया है।




