धन्यवाद एडवोकेट श्री
राकेशकुमारसिह ।
♂÷अप्पापाड़ा के अग्निपीड़ितों की कुछ जिन गैर-राजनीतिक हिन्दीभाषी व्यक्तियों ने बहुत आत्मीयतता से मदद की है, उनमें एक बहुत उल्लेखनीय नाम मुंबई_हाईकोर्ट के अधिवक्ता श्री राकेश कुमार सिंह का है। श्री सिंह जाने-माने वकील हैं, बहुत बड़ी प्रैक्टिस है उनकी; लेकिन अप्पापाड़ा के लोगों की मदद के लिए वे खुद कई-कई बार मौके पर मौजूद रहे । भारत उत्थान संघ और खाना चाहिए फाउंडेशन नाम के उनके दो एनजीओ हैं। दोनों ही एनजीओ ने पहले दिन से ही खाने के पैकेट्स, बिस्कुट्स, खाद्य सामग्री और जरूरत के दूसरे सामान बांटने शुरू कर दिए थे ; और आज भी बाँट रहे हैं। बरतन और चटाइयां भी इन दोनों एनजीओ ने बड़ी संख्या में बांटे हैं। कोरोना काल में भी इन दोनों एनजीओ का काम बहुत उल्लेखनीय रहा था। दोनों ही एनजीओ ने कोरोना प्रभावित इलाकों में बड़े पैमाने पर खाद्य सामग्री और फ़ूड पैकेट्स बांटे थे। और यह काम महीनों चलता रहा था। श्री सिंह ने अग्निपीड़ितों को भरोसा दिया है कि पुनर्स्थापना के काम में कानूनी सहायता की भी कोई जरूरत पडी तो वे मदद करेंगे। और इसकी जरूरत शायद पड़ेगी ही। यह बात बहुत ध्यान देने की है कि इतने भीषण अग्निकांड के बावजुद अग्निपीड़ितों को सरकारी मदद पाने के लिए मोर्चा निकालना पड़ रहा है और प्रदर्शन करने पड़ रहे हैं।
श्री सिंह ने ,मुख्यमंत्री को भेजे एक संदेश में कहा है- “जिनके घरों में आग लगी है, उनका सब कुछ नष्ट हो गया है। उनके पास केवल इतनी भर उम्मीद बची है कि लोगों की मदद और उनकी अपनी मेहनत के भरोसे फिर सब कुछ ठीक हो जाएगा। उन्हें फिर से स्थापित होने में महीनों लग जाएंगे। ज्यादातर लोग रोजाना का काम करने वाले सामान्य लोग या दिहाड़ी मज़दूर हैं। घर के साथ-साथ उनके सारे सामान भी नष्ट हो गए हैं। सरकार को पूरी ताकत से उनकी मदद में लगना चाहिए। यह उसका कर्तव्य है। लेकिन आजकल कर्तव्य की कौन परवाह करता है। हमारे बीच से ३००० परिवार के लोग बिना घर के हो गए हैं। उनकी गलती केवल इतनी है कि वे गरीब हैं। हम सभी लोग उन लोगों की मदद में लगे हैं। लेकिन उन्हें हमारी मदद के साथ-साथ सरकारी मदद की भी जरूरत है। उनके घर नए सिरे से बनने हैं. या उन्हें वैकल्पिक आवास दिए जाने की जरूरत है। इस काम में सरकार के निश्चय और निर्णय की जरूरत है। इस बारे में सोचें। ”

श्री सिंह वरिष्ठ समाजवादी नेता स्व. श्री सीपी सिंह ( श्री चंद्रेश्वर प्रसाद सिंह, विलेपार्ले ) के बेटे हैं।श्री सीपी सिंह जी भी लोगों की मदद करने और किसानों और मज़दूरों को संगठित करने के लिए जाने जाते थे। डॉ. लोहिया के विचारों से प्रभावित होकर राजनीति में आये श्री सीपी सिंह साहब का बिहार की राजनीति में बहुत प्रभावी दखल था। बाद में वे व्यापार में भी आये, पहली पीढ़ी के उद्यमी बने और मुंबई के दवा व्यापार में भी उन्होंने अपनी अच्छी जगह बनाई।

एक बार फिर धन्यवाद राकेश जी।
÷लेखक वरिष्ठ पत्रकार व पूर्वांचल विकास प्रतिष्ठान के सचिव व समाजसेवी हैं÷




