(आलोक तिवारी)
(मथुरा)
SSP ने चौकी इंजार्ज और कॉस्टेबल को किया निलंबित
जिले में एक सनसनीखेज मामला सामने आया है, जिसने पुलिस विभाग की छवि पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। थाना फरह क्षेत्र में एक व्यक्ति को हनीट्रैप के जाल में फंसाकर उससे धन उगाही की साजिश रची गई, जिसमें चौकी इंचार्ज और एक सिपाही की मिलीभगत उजागर हुई है।
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक श्लोक कुमार ने बताया कि पीड़ित व्यक्ति ने हाल ही में अपनी जमीन बेची थी। इस जानकारी के बाद ओल चौकी क्षेत्र के एक हिस्ट्रीशीटर (जो ग्राम प्रधान भी है) ने अपने साथियों के साथ मिलकर उसे लूटने की योजना बनाई। योजना के तहत पीड़ित को एक कमरे में बुलाया गया, जहां पहले से एक महिला मौजूद थी। वहां उसकी आपत्तिजनक वीडियो रिकॉर्ड कर ली गई। वीडियो बनते ही ओल चौकी इंचार्ज और एक सिपाही मौके पर पहुंचे और पीड़ित को डरा-धमकाकर चौकी ले आए। दबाव बनाने के लिए पीड़ित की गाड़ी भी आरोपी ग्राम प्रधान के घर रखवा दी गई।
मामला संज्ञान में आते ही SSP श्लोक कुमार ने तत्काल जांच के आदेश दिए। जांच में आरोप सही पाए जाने पर पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ग्राम प्रधान (हिस्ट्रीशीटर) महिला, चौकी इंचार्ज और सिपाही के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया। दोनों दोषी पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया। आरोपियों के विरुद्ध विभागीय जांच भी शुरू कर दी गई है। सभी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमें गठित कर दी गई हैं। SSP श्लोक कुमार ने कहा है कि कानून से ऊपर कोई नहीं है। अपराध करने वाला चाहे आम नागरिक हो या पुलिसकर्मी, उसे बख्शा नहीं जाएगा। यह मामला सामने आने के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मचा हुआ है और पूरे जिले में चर्चा का विषय बना हुआ है।




