(मुकेश सेठ)
(मुम्बई)
मतदाताओं ने महायुति के 80% से अधिक प्रतिनिधि चुनकर उबाठा कांग्रेस को नकारा प्रदेश अध्यक्ष ने किया दावा
महाराष्ट्र में जिला परिषद व पंचायत चुनाव में भारतीय जनता पार्टी 12 जिला परिषदों और 125 पंचायत समितियों के चुनावों के परिणाम आने पर सबसे ज़्यादा प्रतिनिधियों को जिताकर लाने पर सबसे बड़ी पार्टी बनकर सामने आई है।
शहरी पार्टी होने का आरोप लगने वाले आलोचकों को बीजेपी ने अपने चुनावी रणनीति और मज़बूत संगठन, कार्यकर्ताओं के बूते तगड़ा जवाब दिया है।
आज बीजेपी प्रदेश कार्यालय में प्रदेश अध्यक्ष रविंद चह्वाण ने पत्रकार वार्ता में कहा कि
इन परिणामों से यह स्पष्ट है कि भाजपा–महायुति की विकास की राजनीति को मतदाताओं ने बड़ा समर्थन दिया है।
उन्होंने दावा किया कि 12 जिला परिषदों में सभी स्थानों पर भाजपा और महायुति की ही सत्ता स्थापित होगी तथा 125 पंचायत समितियों में से 50 से अधिक स्थानों पर भाजपा सत्ता में आएगी।
चव्हाण ने कहा कि इन चुनावों में महायुति के 80 प्रतिशत से अधिक प्रतिनिधि निर्वाचित हुए हैं और मतदाताओं ने उबाठा तथा कांग्रेस को स्पष्ट रूप से नकार दिया है।
बीजेपी नेता ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली एनडीए सरकार ने पिछले 11 वर्षों में समाज के प्रत्येक वर्ग के उत्थान और हर क्षेत्र के विकास के लिए जो नीतियाँ लागू की हैं, उन पर जनता ने विश्वास व्यक्त किया है।
यह भी श्री. चव्हाण ने कहा।
अध्यक्ष ने कहा कि प्रत्येक चुनाव में कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस भाजपा की विचारधारा को जन-जन तक पहुँचाने के लिए दिन-रात प्रचार करते हैं किंतु इस बार उपमुख्यमंत्री अजित दादा के निधन के बाद संवेदनशील मुख्यमंत्री ने चुनाव प्रचार में भाग न लेने तथा किसी भी प्रकार का उत्सव न मनाने का आह्वान किया है।
उन्होंने आगे कहा कि जहाँ एक ओर विपक्ष लगातार नकारात्मक राजनीति कर रहा था, वहीं भाजपा ने जनहित को केंद्र में रखकर विकास की राजनीति की, इसलिए मतदाताओं ने महायुति का साथ दिया है, ऐसे में ग्रामीण महाराष्ट्र को और अधिक सशक्त बनाने के लिए भाजपा प्रतिबद्ध रहेगी।
पत्रकार वार्ता के दौरान बीजेपी के प्रदेश माध्यम प्रमुख व नगरसेवक नवनाथ बन सहित कई नेता मौजूद रहे।




