लंदन के नेहरू सेंटर में स्वामी शिवानंद सरस्वती की 139वीं जयंती के अवसर पर ‘योग : शांति के लिए आह्वान’ कार्यक्रम हुआ आयोजित


लंदन स्थित नेहरू सेंटर में स्वामी शिवानंद सरस्वती की 139वीं जयंती के अवसर पर ‘योग : शांति के लिए आह्वान’ कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
स्वामी चिदानंद वर्ल्ड पीस फाउंडेशन, ब्रह्म विद्या, श्री जगन्नाथ सोसाइटी यूके और ओडिशा सोसाइटी ऑफ यूनाइटेड किंगडम के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम में आध्यात्मिक नेताओं, सामुदायिक प्रतिनिधियों और सरकारी अधिकारियों सहित बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया।
कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार के बीच दीप प्रज्वलन से हुआ। इस दौरान प्रेम साहू ने ओडिसी नृत्य प्रस्तुत किया। स्वामी शिवानंद के जीवन और दर्शन पर आधारित वीडियो भी प्रदर्शित किया गया। वक्ताओं ने स्वामी शिवानंद के निःस्वार्थ सेवा, सार्वभौमिक प्रेम, आध्यात्मिक साधना, विश्व बंधुत्व, पारस्परिक समझ और विश्व शांति के संदेश की वर्तमान समय में प्रासंगिकता पर प्रकाश डाला।
इस अवसर पर ‘शिवानंद योग—ए वर्ल्डवाइड फेनोमेनन’ पुस्तक का विमोचन लेखक एवं स्वामी चिदानंद वर्ल्ड पीस फाउंडेशन और ब्रह्म विद्या के संस्थापक स्वामी ब्रह्मनिष्ठानंद सरस्वती तथा मॉरीशस गणराज्य के लंदन स्थित उप उच्चायुक्त केविन पायेंडी ने संयुक्त रूप से किया। पुस्तक में स्वामी शिवानंद के सेवा, प्रेम, शुद्धचित्तता और ध्यान के संदेशों को केंद्र में रखते हुए आध्यात्मिक जीवन तथा विश्व शांति की अवधारणा को प्रस्तुत किया गया है। पुस्तक की प्रस्तावना पुरी के गजपति महाराजा दिव्यसिंह देव ने लिखी है।
स्वामी ब्रह्मनिष्ठानंद सरस्वती ने कहा कि योग को केवल शारीरिक व्यायाम और आसनों तक सीमित नहीं रखा जाना चाहिए, बल्कि इसे दैनिक जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाया जाना चाहिए। उन्होंने स्वामी विवेकानंद द्वारा बताए गए योग के चार मार्गों—ज्ञान योग, राज योग, भक्ति योग और कर्म योग—को अपनाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि शांति का विकास पहले व्यक्ति के भीतर, फिर परिवार और उसके बाद व्यापक समाज एवं विश्व में होना चाहिए।
श्री जगन्नाथ सोसाइटी यूके के ट्रस्टी तथा ओडिशा सोसाइटी ऑफ यूनाइटेड किंगडम के सचिव सुकांत साहू ने अंतरराष्ट्रीय योग दिवस की स्थापना के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के प्रयासों की सराहना की। साउथहॉल स्थित श्री राम मंदिर के ट्रस्टी जय शर्मा ने भक्ति योग की परिवर्तनकारी क्षमता पर प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में यूके के रामकृष्ण वेदांत सेंटर के प्रभारी मंत्री स्वामी सर्वस्थानंद, पार्वती चैतन्य, डॉ. सहदेव स्वैन, अनुराधा पांडे, डॉ. प्रकाश दे, अनिता मिश्रा, पार्थ पंडा, सुनीता गुप्ता, नित्यानंद पटनायक और शुभकांत दास समेत कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम को लंदन स्थित भारतीय उच्चायोग, मॉरीशस के उच्चायोग और नेहरू सेंटर का सहयोग प्राप्त हुआ। यह आयोजन ‘चिदानंद दशक 2016-26 : ए वर्ल्ड पीस’ पहल के तहत किया गया।



