(मुकेश सेठ)
(मुंबई)
√ जो लोग संभाजी महाराज के नाम का विरोध कर उनके हत्यारे को देवदूत मानते हैं वे लोग महाराष्ट्र और मराठी गौरव के हैं दुश्मन कहा नरेंद्र मोदी नें
√ काँग्रेस और उनके सहयोगी विकास के विरुद्ध हैं इसलिए महायुति की बनवाएं सरकार प्रधानमंत्री नें लोगो से की अपील
√ मराठवाणा में जल संकट दूर करने के लिए महायुति सरकार नें 1600 करोड़ किये जारी केंद्र सरकार भी देगी 700 करोड़ पीएम ने जनता को बताया
महाराष्ट्र, भविष्य में विकसित भारत का नेतृत्व करनेवाला है, इसके लिए राज्य में कई विकास परियोजनाएं शुरू की जा रही हैं।
उक्त दावा आज गुरुवार को संभाजी नगर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी नें चुनावी रैली मे की।
उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में नए उद्योग उभर रहे हैं, रोजगार के नए अवसर पैदा हो रहे हैं, किसानों की समस्याओं का ठोस समाधान खोजा जा रहा है, बुनियादी ढांचे के विकास की गति बढ़ रही है।
मोदी ने विपक्ष पर हमलावर होते हुए कहा कि जब महाविकास अघाड़ी सत्ता में थी, तब विकास की गति बाधित हुई,कांग्रेस और उसके सहयोगी जो विकास के खिलाफ हैं, जो लोग विकास के विरुद्ध हैं वो कभी भी महाराष्ट्र का भला नहीं कर सकते। इसलिए उन्हें उनकी जगह दिखाएं और चुनाव में महायुति को विजयी बनाएं।
बीजेपी के सुपर स्टार कैंपेनर मोदी नें कहा कि यह वही कांग्रेस और उसकी अघाड़ी है जिसने औरंगाबाद का नाम बदलकर छत्रपति संभाजी नगर करने का विरोध किया था,जो लोग संभाजी महाराज के नाम का विरोध करते हैं और जो संभाजी महाराज के हत्यारे को देवदूत मानते हैं वे महाराष्ट्र और मराठी गौरव के दुश्मन हैं।महाराष्ट्र ऐसे लोगों को कभी स्वीकार नहीं करेगा।

प्रधानमंत्री नें जनता को समझाया कि भविष्य में भारत को विकसित करना भाजपा और महायुति का संकल्प है और हम समर्पण के साथ काम करते हैं और इसके लिए प्रदेश में आधुनिक बुनियादी सुविधाएं तैयार की जा रही हैं।
उन्होंने विकास कार्यों को गिनाते हुए कहा कि समृद्धि हाईवे के कारण मराठवाड़ा मुंबई से जुड़ गया है, मराठवाड़ा में हाईवे का काम तेजी से चल रहा है, रेलवे सेवा का आधुनिकीकरण और विस्तार किया जा रहा है।
जबकि अघाड़ी के लोगों ने महाराष्ट्र का हाल पूरी तरह बेहाल कर दिया था। जब मराठवाड़ा क्षेत्र में पानी का सूखा पड़ा तो कांग्रेस के लोग हाथ पर हाथ धरे बैठे रहे किन्तु हमारी सरकार ने सबसे पहले सूखे से राहत के लिए ठोस कार्यक्रम शुरू किये।
पीएम नें बताया कि जब देवेन्द्र फड़णवीस मुख्यमंत्री थे तब उन्होंने जलयुक्त शिवार योजना शुरू की थी, इससे मराठवाड़ा में जल संकट दूर हो सकता था, लेकिन अघाड़ी सरकार आई और उसने इस योजना को बीच में ही बंद कर दिया।
महायुति सरकार फिर से अपना काम शुरू करने जा रही है महायुति सरकार ने 1600 करोड़ रुपये आवंटित कर दिये हैं और केंद्र सरकार अतिरिक्त 700 करोड़ रुपये प्रदान करेगी।
इसके पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मंच पर पहुँचने पर केंद्रीय राज्य मंत्री RPI अध्यक्ष रामदास आठवले, मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, पूर्व केंद्रीय मंत्री राव साहेब दानवे समेत तमाम प्रमुख नेताओं ने पीएम का स्वागत किया।




