★मुकेश सेठ★
★मुम्बई★
{मध्य रेलवे के जनसम्पर्क अधिकारी शिवाजी सुतार ने कहा कि कोरोरा काल को देखते हुए कुछ ख़ास स्टेशनों पर प्लेटफार्म टिकट के दाम 10 से बढ़ाकर 50 रुपये किये गए हैं}
[विभाग का कहना है कि निर्णय 24 फ़रवरी को लिया गया था और यह 15 जून तक रहेगा लागू,बढ़े दर की वज़ह से प्लेटफार्म पर होगी कम भीड़]
(मुम्बई छत्रपति शिवाजी टर्मिनस, दादर,लोकमान्य तिलक टर्मिनस,ठाणे, कल्याण, पनवेल और भिवंडी रोड स्टेशनों पर की गई है प्लेटफार्म टिकट के दामों में 5 गुनी वृद्धि)
♂÷महाराष्ट्र में रेलवे विभाग ने आपदा में आर्थिक मज़बूती का अवसर ढूढ़ते हुए प्लेटफॉर्म टिकट के दाम 5 गुना तक बढ़ा दिया है।रेलवे प्लेटफॉर्म टिकट का किराया, अब 10 की 50 रुपये देने होंगे,ऐसा कोरोना को कंट्रोल करने के लिए किया गया है।मध्य रेलवे द्वारा लिए गए इस निर्णय के पीछे तर्क यह है कि जब प्लेटफॉर्म टिकट महंगा होगा तो लोग प्लेटफॉर्म पर अनावश्यक रूप से भीड़ नहीं बढ़ाएंगे।
कोरोना काल का कहर रूकने का नाम नहीं ले रहा। एक तरफ तो यह महामारी, दूसरी तरफ पेट्रोल-डीजल , गैस की कीमतों में बढ़ोत्तरी।ये क्या कम था कि अब रेलवे ने भी मुंबईकरों को एक और झटका, जोर से दिया जिस है। मुंबई के कुछ स्टेशनों में प्लेटफॉर्म टिकट का दाम 5 गुना बढ़ा दिया गया है। ऐसा कोरोना को कंट्रोल करने के लिए किया गया है। मध्य रेलवे द्वारा लिए गए इस निर्णय के पीछे तर्क यह है कि जब प्लेटफॉर्म टिकट महंगा होगा तो लोग प्लेटफ़ार्म पर अनावश्यक रूप से भीड़ नहीं बढ़ाएंगे, गप्पे नहीं लड़ाएंगे। जितनी जल्दी हो सके, अपने-अपने घरों को जाएंगे।
इस बारे में निर्णय 24 फरवरी को ही ले लिया गया है,फिलहाल 15 जून तक यह निर्णय लागू रहेगा। मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शिवाजी सुतार ने इसकी जानकारी दी। इसलिए अब जब भी आप घर से रेलवे स्टेशनों पर जाएं तो अपनी जेब और स्टेशन का नाम जानकर और समझ कर जाएं क्योंकि यह नया रेट कुछ खास स्टेशनों पर ही लागू किया गया है।
खासकर उन स्टेशनों पर प्लेटफॉर्म टिकट का रेट बढ़ाया गया है जहां से बाहर जाने वाली ट्रेनें चलती हैं।
इन स्टेशनों में मुंबई छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस, दादर, लोकमान्य तिलक टर्मिनस, ठाणे, कल्याण, पनवेल, भिवंडी रोड शामिल हैं।यहां पहले प्लेटफॉर्म टिकट की दर 10 रुपए थी, जो अब बढ़ कर 50 रुपए हो गई है।
इन स्टेशनों पर काफी भीड़ रहा करती है, गर्मी के मौसम में भीड़ बढने की संभावना को देखते हुए और कोरोना संक्रमण का खतरा कम नहीं होने की वजह से यह निर्णय लिया गया है।मध्य रेलवे के मुख्य जनसंपर्क अधिकारी शिवाजी सुतार के मुताबिक टिकट के रेट में वृद्धि कोई स्थायी फैसला नहीं है।कोरोना का संक्रमण कम होते ही और भीड़ नियंत्रण में आते ही इस नए रेट को वापस ले लिया जाएगा।
कुल मिलाकर रेलवे डिपार्टमेंट ने भी आपदा को अवसर में बख़ूबी बदलना सीख लिया है।






















