★मुकेश सेठ★
★मुम्बई★
{पश्चिम बंगाल के चुनावी जनसभाओं में उमड़ रही भीड़ और कोरोना प्रोटोकॉल के उल्लंघन पर EC लेगा बैठक,इसमें शामिल होने के लिए एडीजी(लॉ एंड ऑर्डर)और स्वास्थ्य सचिव को भी दिया निर्देश}
[कोलकाता हाईकोर्ट ने पिछले दिनों दिया आदेश की जनसभाओं में मास्क ज़रूरी और 1 हज़ार से कम ही सभा में शामिल हो सकते हैं लोग,उल्लंघन होने पर जिम्मेदार होंगे CEC]
(बढ़ते कोरोना केस को देखते हुए हाईकोर्ट ने दिया आदेश कि सभी अदालतों को किया जाए वर्चुअली )
♂÷कलकत्ता उच्च न्यायालय ने अन्ततः पश्चिम बंगाल में बढ़ते बेतहाशा कोरोना केस के मद्देनजर कड़ा रुख़ अख्तियार कर लिया है।कोर्ट के आदेश पर आज पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के मद्देनजर चुनावी सभाओं में उमड़ती भीड़ और कोरोना प्रोटोकॉल के हो रहे उल्लंघन के बीच चुनाव आयोग ने आगामी शुक्रवार को सर्वदलीय बैठक बुलाई है।
इस बैठक में जनसभाओं में कोरोना प्रोटोकॉल को लेकर चर्चा की जाएगी,बैठक में एडीजी ( कानून-व्यवस्था) जगमोहन और स्वास्थ्य सचिव स्वरूप निगम को भी उपस्थित रहने का निर्देश दिया गया है।
बता दें कि हाल में कलकत्ता हाईकोर्ट ने हाल में निर्देश दिया है कि जनसभाओं में मास्क बाध्यतामूलक होगा तथा जनसभाओं में जहां 1000 लोग जमा हो सकते हैं, वहां 30 फीसदी से ज्यादा लोगों की अनुमति नहीं दी जा सकती है, यदि इसका उल्लंघन होगा, तो इसके लिए मुख्य चुनाव अधिकारी उत्तरदायी होंगे।

हाईकोर्ट ने दिया है प्रोटोकॉल मानने का निर्देश।
हाईकोर्ट के निर्देश के मद्देनजर चुनाव आयोग ने शुक्रवार को सभी राजनीतिक दलों की सर्वदलीय बैठक बुलाई है।
इस बैठक में कोरोना के बढ़ते ग्राफ के बीच जनसभाओं में मास्क पहनने और कोरोना दिशानिर्देश का पालन करने के मुद्दे पर चर्चा होगी।।
बता दें कि कोरोना वायरस के बढ़ते मामलों को देखते हुए कोलकाता हाई कोर्ट ने मंगलवार को आदेश दिया कि सभी अदालती कामकाज को 16 अप्रैल से वर्चुअली किया जायेगा।
कोर्ट द्वारा एक अधिसूचना भी जारी की गई है, इसमें कहा गया है कि कोर्ट का समय सुबह 10:30 बजे से लेकर दोपहर 1:15 बजे तक और दोपहर 2 बजे से लेकर 3 बजे तक रहेगा। अधिसूचना में कहा गया है कि कोर्ट से जुड़े हर काम को वर्चुअल मोड में ही किया जाएगा। हालांकि, जज ये फैसला ले सकते हैं कि सुनवाई कोर्ट में करनी चाहिए या वर्चुअल मोड से भी किया जा सकता है।






















