★दीपनारायण सिंह★
★केराकत(जौनपुर)★
{मारपीट में घायल अधेड़ की इलाज के दौरान मौत से गुस्साए ग्रामीणों ने कोतवाली चौराहे पर शव रख की पुलिस के खिलाफ जमकर नारेबाजी}
[केराकत क्षेत्र में पुलिस की निष्क्रियता से ताबड़तोड़ दे रहे वारदातों को अन्जाम असामाजिक तत्व】

(पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के पश्चात बढ़ायी जाएगी धारा,घटना में शामिल लोगों को बख्शा नही जाएगा=सुनील दत्त)
♂÷रास्ते के विवाद को लेकर दो पक्षों में बीते शनिवार को हुई मारपीट में घायल अधेड़ की मौत के बाद गुस्साए ग्रामीणों ने बुधवार की देर रात शव लेकर कोतवाली चौराहे पर चक्का जाम कर प्रदर्शन किया। इस दौरान प्रदर्शन कारियों ने पुलिस प्रशासन के विरोध में नारेबाजी भी की।
प्राप्त जानकारी के अनुसार कोतवाली क्षेत्र के कदहरा गांव में राम अवध यादव और सुखराम यादव के बीच रास्ते की जमीन को लेकर विवाद था। जिसमें पुलिस की मध्यस्थता से सुलह समझौता कर दिया गया था। लेकिन 15 जून शनिवार की सुबह सुखराम यादव, विनोद यादव, सुरेश यादव, शिवकुमार यादव और रामदुलार यादव विवादित स्थल पर मड़हा रखने लगे।

जिससे विवाद पुनः उत्तपन्न होने पर रामअवध यादव ने विरोध किया तो सभी ने लाठी डंडे से बुरी तरह पिटाई कर दी। सिर में गम्भीर चोट लगने से रामअवध यादव को अस्पताल में भर्ती कराया गया था जहाँ पर बुधवार को रामअवध की मौत हो गई।
घटना से गुस्साए परिजन रात साढ़े 9 बजे शव को लेकर कोतवाली पहुंच गए और पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। वे घटना में शामिल लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराने और उनकी गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे। पुलिस के समझाने के बाद ग्रामीण शव को लेकर कोतवाली चौराहे पर पहुंच गए और सड़क पर शव रखकर नारेबाजी करने लगे।
कोतवाल सुनील दत्त ने बताया कि मामले में पहले ही आईपीसी की धारा 147, 308, 504, 506 आदि के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया था और दो अभियुक्तों को जेल भी भेजा गया है अब पोस्टमार्टम रिपोर्ट मिलने पर धारा बदल जाएगी, उन्होंने कहा कि घटना में शामिल किसी भी अभियुक्त को बख्शा नहीं जाएगा।
बता दें कि इन दिनों केराकत क्षेत्र में क्राइम टेम्परेचर गर्मी को भी पीछे छोड़ रही है।आये दिन हो रही है घटनाये क्षेत्रीय पुलिस की कार्यप्रणाली व उनकी सक्रियता पर सवालिया निशान खड़े करती है।






















