★मुकेश सेठ★
★मुम्बई★
{आधी सीटों की मांग करने वाले उद्धव ठाकरे मोदी की लोकप्रियता से थमे,कभी शिवसेना की पिछलग्गू रही बीजेपी ने बदल दी शिवसेना की जगह}
[60 साल के इतिहास में ठाकरे परिवार से पहली बार आदित्य ठाकरे लड़ने जा रहे इलेक्शन,सरकार बनने पर बन सकते हैं डिप्टी सीएम]
(कई सीटों पर शिवसेना व बीजेपी के बीच है प्रत्याशी उतारने को लेकर मतभेद)

♂÷बीजेपी ने 125 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की है तो वहीं शिवसेना 124 सीटों पर चुनाव लड़ेगी और उसने 70 सीटों पर उम्मीदवारों का एलान भी किया है।महाराष्ट्र की राजनीति में सर्वाधिक रसूखदार ठाकरे परिवार से इस बार आदित्य ठाकरे भी चुनाव लड़ रहे हैं।60 साल में पहली बार है ठाकरे परिवार का कोई भी सदस्य चुनावी मैदान में है जबकि शिवसेना को राज्य में बड़ा राजनीतिक दल बनाने वाले व महाराष्ट्र के गॉडफादर माने जाते रहे बाला साहेब ठाकरे ने न तो कभी चुनाव लड़ा न ही उद्धव व राज ठाकरे ने।महाराष्ट्र में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर बीजेपी और शिवसेना के बीच गठबंधन फाइनल हो गया इसके साथ ही बीजेपी ने 125 उम्मीदवारों की लिस्ट भी जारी कर दी है।शिवसेना 124 सीटों पर चुनाव लड़ेगी लेकिन उसने सिर्फ 70 उम्मीदवारों का एलान किया, दोनों पार्टियों ने उम्मीदवारों का एलान तो कर दिया लेकिन सीटों को लेकर तस्वीर अभी साफ नहीं है। बीजेपी की 125 और शिवसेना की 124 मिलाकर हुई 249 सीटें, जबकि राज्य में विधानसभा की कुल 288 सीटें हैं अब सवाल है कि बची हुई 39 सीटों का क्या होगा।
इसके साथ ही महाराष्ट्र में लगातार आधी सीटों की मांग कर रही शिवसेना कम सीटों पर क्यों मान गई, इसके बाबत कहा जा सकता है कि मोदी सरकार के द्वारा जम्मू कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाने,असम में एनआरसी जैसे बेहद कड़े व मजबूत निर्णय के चलते बीजेपी अब देश के साथ ही महाराष्ट्र में भीमकाय राजनीतिक ताकत बन चुकी है और मोदी की लोकप्रियता व शाह की रणनीति की काट कोई भी पार्टी खोज नही पा रही है।
ऐसे में कभी शिवसेना के छोटे भाई की भूमिका में वर्षो तक रहने वाली बीजेपी अब शिवसेना को छोटा भाऊ बना देने में सफ़ल हो चुकी है।
आज मंगलवार को बीजेपी की लिस्ट जारी होने के करीब एक घंटे बाद ही पहले से ही तैयारी करके बैठी शिवसेना ने भी अपने उम्मीदवारों का एलान कर दिया है।ये फाइनल है कि गठबंधन में शिवसेना को 124 सीटें ही मिली हैं,कार्यकर्ता कम सीटों की वजह से विद्रोह ना करें इसलिए शिवसेना ने अभी सिर्फ 70 उम्मीदवारों का एलान किया है।
कल्याण पश्चिम में बीजेपी के मौजूदा विधायक नरेंद्र पवार को सीट दिए जाने का आग्रह किया लेकिन शिवसेना ये सीट खुद के लिए मांग रही है वहीं किनवट में भी शिवसेना, रामदास आठवले की पार्टी को सीट देने के विरोध में है।वडाला सीट पर शिवसेना की श्रद्धा जाधव चुनाव लड़ने की तैयारी में हैं तो वहीं बीजेपी के कालिदास कोलंबकर को टिकट देने से वह नाराज़ हैं इसके अलावा मुंबादेवी सीट पर शिवसेना ने पांडुरंग सकपाल को एबी फॉर्म दिया है जबकि बीजेपी अतुल शाह को टिकट देने पर मन्थन कर रही है।
दरअसल शिवसेना को सत्ता में बने रहना है पार्टी को पता है कि अगर वह अकेले चुनाव लड़ती है तो नहीं जीतेगी।इस बार तो शिवसेना प्रमुख उद्धव ठाकरे के बेटे युवासेना प्रमुख आदित्य ठाकरे भी वर्ली विधानसभा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं, ऐसे में शिवसेना की नजर उपमुख्यमंत्री की कुर्सी पर भी है।
बता दें कि महाराष्ट्र में विधानसभा की कुल 288 सीटें हैं, बीजेपी-शिवसेना के बीच 249 सीटों पर सहमति बन गई है। बाकी की बची 39 सीटों पर फैसला होना अभी बाकी है। 2014 के विधानसभा चुनाव में बीजेपी और शिवसेना अलग-अलग चुनाव लड़ी थी. हालांकि चुनाव बाद दोनों दलों ने गठबंधन कर लिया था।
विधानसभा चुनाव के सन्दर्भ में
नामांकन की आखिरी तारीख – 4 अक्टूबर,
स्क्रूटनी की तारीख- 5 अक्टूबर
नामांकन वापसी की तारीख- 7 अक्टूबर,
चुनाव प्रचार का आखिरी दिन-19 अक्टूबर,
चुनाव की तारीख- 21 अक्टूबर और मतगणना 24 अक्टूबर को होगी।






















