★मुकेश शर्मा★ ★ग्वालियर(मध्यप्रदेश)★ {मामला शमसान घाट और नाले पर जबरन रास्ता बनाने का,ग्वालियर हाईकोर्ट में दाख़िल जनहित याचिका पर नोटिस के बाद अब 4 जनवरी को होगी सुनवाई} (उच्चन्यायालय ने मध्यप्रदेश के प्रमुख सचिव समेत कलेक्टर भिंड,भिंड ज़िले के अमायन थाना प्रभारी को भी ज... Read more
राष्ट्रीय
लेखक-अरविंद जयतिलक भारतीय संविधान के चरित्र व स्वरुप पर गौर करें तो वह एक मृदु संविधान की सभी विशेषताओं से लैस है। मृदु लक्षणों की वजह से ही उसका प्रतिनिधित्यात्मक चरित्र लोकतंत्र का हिमायती है और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता व निष्पक्ष चुनाव उसकी शीर्ष प्राथमिकता में है। म... Read more
Recent Posts
(संजयराय)(नईदिल्ली) सामुदायिक विकास समिति के अध्यक्ष डॉ. मनोरंजन मोहंती के नेतृत्व में वैश्विक स्तर पर उड़िया समुदाय का डेटा किया जा रहा है एकत्रित देश-विदेश में रह रहे प्रवासी ओड़िया लोगों का पहला डेटा बैंक तैयार करने की प्रक्रिया तेज हो गई है। प्रस्तावित डेटा बैंक में... Read more
- भारत की मुहिम पर लगी संयुक्त राष्ट्र की मुहर, 27 नवंबर को घोषित किया बाल विवाह के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय दिवस
- नाबालिग अपराधी: हालात का शिकार या स्क्रीन का गुलाम?
- “क्रांतिकारी वाणी और हौंसला” देने वाले ग़ज़ल सम्राट दुष्यंत कुमार
- 21वीं सदी में भारतीय शिक्षा का नया स्वरूप: डिजिटल क्रांति और एआई साक्षरता
- क्या विदेश यात्रा और सोना खरीदना छोड़ने से बनेगा विकसित भारत!
- Birthday of Mumbai Ration Shopkeepers Association President Naveen Maru Celebrated with Great Enthusiasm
लेखक-अरविंद जयतिलक स्वतंत्रता संग्राम के अद्वितीय महारथी वीर सावरकर जी की आज पुण्यतिथि है। वे जीवन भर अखंड भारत के पक्षधर रहे। 13 दिसंबर 1937 को नागपुर की एक जनसभा में उन्होंने अलग पाकिस्तान... Read more
(मुकेश सेठ)( मुंबई) √ बेलिफ फाउंडेशन ने किया हल्दी कुमकुम का आयोजन कार्यक्रम में शामिल हुईं दो हजार से अधिक महिलाएं अंधेरी पूर्व के मरोल पाइप लाइन स्थित बेलीफ फाउंडेशन द्वारा भव्य हल्दी... Read more
लेखक-डॉ.के. विक्रम राव अगर कार्ल मार्क्स ने औघड़, राख रचाये, बाघचर्मधारी, अर्धनग्न, श्मशानवासी अनासक्त वैरागी महादेव की मात्र फोटो देख ली होती तो वे कभी न लिखते कि आस्था या अकीदा आमजन का अफीम... Read more
लेखक- डॉक्टर राजीव मिश्र अभी तक हम कहते आए हैं कि वामपंथी सत्ता में होते हैं तब वे अपना एजेंडा पूरी तेजी से चलाते हैं ,जब उनके विरोधी सत्ता में होते हैं तब वामपंथी अपना एजेंडा थोड़ा धीरे चला... Read more







































