(मुकेश सेठ)
(मुंबई)

भूमिपूजन समारोह की अध्यक्षता राज्यपाल रमेश बैंस करेंगे तो विधानसभा अध्यक्ष समेत कई केंद्रीय मंत्री,मुख्यमंत्री, उपमुख्यमंत्री द्व्य के साथ अनेक सांसद और विधायक रहेंगे मौजूद

१४ हजार करोड़ की लागत से तैयार होगा पूर्वी और पश्चिमी उपनगरों को जोड़ने वाला बृहन्मुंबई नगर निगम की गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड प्रोजेक्ट

संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान के अंतर्गत प्रत्येक 4.7 किमी दूरी की जुड़वां सुरंगों के बन जाने से पूर्वी और पश्चिमी उपनगरों के बीच यात्रा की अवधि 75 मिनट से घटकर हो जायेगी 25 मिनट

प्रधानमंत्री बिकेसी में करेंगे इंडियन न्यूज़ पेपर सोसाइटी (INS) टॉवर का उद्घाटन

शनिवार को प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी मुंबईकरों की यात्रा को सुगम बनाने के लिए महत्वाकांक्षी परियोजना संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान के तहत जुड़वां सुरंग का भूमि पूजन गोरेगाव पूर्व के नेस्को एक्जिबिशन में शाम पांच बजे भव्य समारोह पूर्वक करेंगे।

भूमि पूजन समारोह की अध्यक्ष्ता राज्यपाल रमेश बैस करेंगे।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से महाराष्ट्र के विधानसभा अध्यक्ष राहुल नार्वेकर केंद्रीय सड़क, परिवहनमंत्री व राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी, केंद्रीय वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल, केंद्रीय आयुष, स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री “स्वतंत्र प्रभार” प्रताप राव जाधव, केंद्रीय सामाजिक न्याय और अधिकार राज्य मंत्री रामदास अठावले केंद्रीय युवा मामले और खेल राज्य मंत्री श्रीमती रक्षा खड़से,केंद्रीय सहकारिता और नागरिक उद्यान राज्य मंत्री मुरलीधर मोहोल, मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री द्व्य देवेंद्र फडणवीस, अजीत पवार, मुंबई शहर के पालक मंत्री दीपक केसरकर, मुंबई उपनगर के पालक मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा पीडब्ल्यूडी मंत्री रविंद्र चौहान मौजूद रहेंगे।
इसके अलावा स्थानीय सांसद रवींद्र वायकर, सांसद अरविंद सावंत, सांसद श्रीमती वर्षा गायकवाड , सांसद संजय दिना पाटील, सांसद अनिल देसाई, पूर्व मंत्री व वर्तमान विधायक श्रीमती विद्या ठाकुर समेत मुंबई महानगरपालिका नगर निगम के आयुक्त और प्रशासक डॉ.भूषण गगरानी,अतिरिक्त नगर आयुक्त शहर श्रीमती अश्विनी जोशी, नगर आयुक्त पूर्वी उपनगर डॉक्टर अमित सैनी, अपर नगर आयुक्त प्रोजेक्ट अभिजीत बांगर, अतिरिक्त नगर आयुक्त पश्चिम उपनगर डॉक्टर सुधाकर शिंदे एवं अन्य महत्वपूर्ण अधिकारी उपस्थित रहेंगे।
मालूम हो कि इस परियोजना में बृहन्मुंबई नगर निगम द्वारा पूर्वी और पश्चिमी उपनगरों को सड़क मार्ग से जोड़ने के लिए गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (लिंक रोड) परियोजना (जीएमएलआर) शुरू की गई है। करीब 20 किमी लंबी परियोजना पूर्वी और पश्चिमी उपनगरों के बीच यात्रा के समय को 75 मिनट से घटाकर 25 मिनट कर देगी। परियोजना के तीसरे चरण के तहत, संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान के तहत 4.7 किमी दूरी की जुड़वां सुरंगों का निर्माण किया जाएगा।
नगर निगम प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि सुरक्षा कारणों से कार्यक्रम के निर्धारित समय से दो घंटे पहले कार्यक्रम स्थल पर पहुंचने का प्रयास करें।

ट्विन सुरंग परियोजना के बारे में जानकारी

√ गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (लिंक रोड) परियोजना (चरण III) के तहत बोरीवली में संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान के अंतर्गत 4.7 किमी लंबी और 45.70 मीटर चौड़ी जुड़वां सुरंगें।
√ संपर्क सड़कों और अन्य पहलुओं सहित चरण III में सड़क की कुल लंबाई 6.65 किमी है।
√ यह जुड़वां सुरंग जमीन के अंदर 20 से 160 मीटर की गहराई पर होगी.
√ दोनों सुरंगें 300-300 मीटर की दूरी पर जुड़ी होंगी।
√ सुरंग की खुदाई लगभग 14.2 मीटर व्यास वाले टनल बोरिंग प्लांट (टीबीएम) द्वारा की जाएगी।
√ सुरंग में आधुनिक प्रकाश व्यवस्था, वेंटिलेशन सिस्टम, अग्नि सुरक्षा प्रणाली, सीसीटीवी, सुरंग के दोनों ओर नियंत्रण कक्ष आदि का समावेश।
√ सुरंगों के नीचे वर्षा जल चैनल, भविष्य में जल आपूर्ति के लिए संभावित चैनल जैसे उपयोगिता चैनलों का प्रावधान।
√ सुरंग का निर्माण संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान के साथ-साथ आरे, विहार और तुलसी झील की वनस्पतियों और जीवों को परेशान या नुकसान पहुंचाए बिना किया जाएगा।
√ परियोजना के लिए संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान में भूमि का अधिग्रहण नहीं किया गया है।
√ पशुओं के सुरक्षित आवागमन हेतु पशु पथ का निर्माण।
√ हर साल करीब 22 हजार 400 टन कार्बन उत्सर्जन में कमी आएगी.
√ मुंबईकरों को यात्रा के समय और ईंधन की भी बचत होगी।
√ जुड़वां सुरंगों के निर्माण की अनुमानित कुल लागत- 6301.08 करोड़ रुपये।
√ ट्विन टनल की अनुमानित पूर्णता अवधि – अक्टूबर 2028 तक
√ परियोजना की वर्तमान स्थिति: कुल स्टेशन सर्वेक्षण, मृदा जांच कार्य, अस्थायी सड़क मोड़ कार्य और प्रारंभिक संरेखण (डिज़ाइन) कार्य प्रगति पर है।
√ सुरंग परियोजना से विस्थापित आवासीय और वाणिज्यिक परियोजना पीड़ितों के पुनर्वास के लिए ग्राउंड फ्लोर + 23 मंजिला 7 इमारतें और ग्राउंड फ्लोर + 3 मंजिला मार्केट बिल्डिंग का निर्माण कार्य प्रगति पर है।

गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (लिंक रोड) परियोजना के बारे में यह भी जानिए

√ गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (जीएमएलआर) परियोजना कुल चार चरणों में प्रस्तावित है।
√ परियोजना की कुल लम्बाई 12.20 कि.मी.
√ पूरे प्रोजेक्ट पर कुल 14 हजार करोड़ रुपये की लागत आने का अनुमान है।
√ पहले चरण में नाहुर रेलवे स्टेशन के पास के मार्गों पर मौजूदा फ्लाईओवर (आरओबी) का चौड़ीकरण।
√ दूसरे चरण में 30 मीटर चौड़ी सड़क को 45.70 मीटर तक चौड़ा करना।
√ चरण 3 (ए) में फ्लाईओवर, एलिवेटेड रोटरी का निर्माण।
√ चरण 3 (बी) में दादासाहेब फाल्के चित्रनगरी, गोरेगांव में 1.22 किमी ट्रिपल लेन (3 बाय 3) बॉक्स सुरंग (कट और कवर) और संजय गांधी राष्ट्रीय उद्यान के तहत 4.7 किमी जुड़वां सुरंग।
√ चौथे चरण में नाहुर से ऐरोली टोल प्लाजा तक पूर्वी एक्सप्रेसवे को पार करने वाला प्रस्तावित डबल-लेवल फ्लाईओवर और पश्चिमी एक्सप्रेसवे और जीएमएलआर के जंक्शन पर वाहन अंडरपास (वीयूपी) शामिल है।

गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड (लिंक रोड) परियोजना बनने से होंगे यह लाभ

√ गोरेगांव-मुलुंड लिंक रोड मुंबई के पूर्वी और पश्चिमी उपनगरों को जोड़ने वाला चौथा प्रमुख लिंक है,विशेषकर उत्तरी मुंबई में यात्रियों की यात्रा सुगम होने और समय की बचत के साथ यातायात व्यवस्था को बड़ा लाभ होगा ।
√ यह परियोजना पूर्व-पश्चिम उपनगरों के बीच एक नया लिंक बनाएगी। जिससे ट्रैफिक जाम से राहत मिल सके।
√ यह परियोजना पश्चिमी उपनगरों को नवी मुंबई में प्रस्तावित नए हवाई अड्डे और पुणे-मुंबई एक्सप्रेसवे से सीधा लिंक प्रदान करेगी।
√ इस प्रोजेक्ट से नासिक हाईवे पर चलने वाले वाहनों को भी फायदा होगा।
√ जोगेश्वरी-विक्रोली लिंक रोड की तुलना में यात्रा की दूरी लगभग 8.80 किमी कम हो जाएगी।
√ गोरेगांव और मुलुंड के बीच यात्रा का समय 75 मिनट से घटकर लगभग 25 मिनट हो जाएगा।
√ इसके बन जाने से ईंधन की खपत में बचत होगी और मुंबई का वायु गुणवत्ता (AQI) भी सुधरेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

IMG 20240711 WA0004 300x226 Previous post दीदी की रसोई ट्रस्ट द्वारा जरूरतमंदों को प्रतिदिन कराया जाता है निशुल्क भोजन- गंगेश्वर दत्त शर्मा
IMG 20240714 WA0009 195x300 Next post एक्स प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रम्प पर जानलेवा हमला और राजनीतिक हिंसा का दर्शन!