★मुकेश सेठ★
★मुम्बई★
{उड़ीसा के मुख्यमंत्री ने बढ़ रहे कोरोना केस को लेकर की समीक्षा बैठक उन्होंने कहा बच्चों का रखना होगा ख़ास ध्यान}
[मुख्यमंत्री ने दी चेतावनी यदि कोविड 19 प्रोटोकॉल का अनुपालन में लापरवाही पाई गई तो सम्बंधित संस्थानों को ठहराया जाएगा जिम्मेदार]
♂÷ओडिशा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने बुधवार को राज्य में कोविड 19 की स्थिति को लेकर एक समीक्षा बैठक की। इस मीटिंग में सीएम ने देश के अंदर घट-बढ़ रहे कोरोना के मामलों को सीरियस लेने की बात कही। साथ ही राज्य में कोरोना के हालात पर नजर रखने के अधिकारियों को निर्देश भी दिए इस मीटिंग में सीएम ने सभी को कोविड -19 की संभावित तीसरी लहर के लिए कोविड सुरक्षा मानदंडों के नियमों का सख्ती से पालन करने की सलाह दी। उन्होंने आगे चेतावनी दी कि छोटी सी लापरवाही सभी के लिए खतरा हो सकती है।
नवीन पटनायक ने कहा कि अगर हमने इस वक्त लापरवाही दिखाई तो वो बहुत भारी पड़ेगी। उन्होंने कहा कि चूंकि बच्चों का अभी टीकाकरण नहीं हुआ है, इसलिए हमें उनका अधिक ध्यान रखना होगा। सीएम ने चेताया कि कि यदि कोविड मानदंडों के अनुपालन में किसी प्रकार की लापरवाही पाई गई तो संबंधित संस्थानों को जवाबदेह ठहराया जाएगा। मुख्यमंत्री ने जिला प्रशासन को विशेष टीमें गठित करने और शैक्षणिक संस्थानों का नियमित निरीक्षण करने के भी निर्देश दिए।
इसके साथ ही पटनायक ने जिला अधिकारियों को हाटों, बाजारों, धार्मिक संस्थानों, स्वास्थ्य संस्थानों आदि पर कड़ी नजर रखने का भी निर्देश दिया। उन्होंने पुलिस को नियमित रूप से स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, स्कूल जाने वाले बच्चों, गर्भवती महिलाओं, सरकारी कर्मचारियों और उच्च जोखिम वाले समूहों के परीक्षण की भी सलाह दी। सीएम ने हेल्थ वर्करों में लगातार बढ़ रहे संक्रमण पर भी चिंता जाहिर की है।
सीएम ने इसके साथ ही कहा, ‘लोगों के हित को देखते हुए लॉकडाउन में ढील दी गई है। लेकिन इसका मतलब यह नहीं है कि हम आत्मसंतुष्ट हो जाते हैं और नियमों का पालन बंद कर देंगे।” उन्होंने चेतावनी दी कि यदि आवश्यक हुआ तो राज्य सरकार को एक बार फिर से लॉकडाउन लागू करने के लिए मजबूर होना पड़ेगा।






















